Uturn Time
Breaking
Ludhiana: नगर निगम कर्मचारियों का पंजाब सरकार के खिलाफ प्रदर्शन, मांगों को लेकर सौंपा ज्ञापन Amritsar: अमृतसर में रेलवे ट्रैक के पास फिर मिला संदिग्ध कैमरा, सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप Jalandhar: PM मोदी के स्वागत की तैयारी तेज, केंद्रीय मंत्री बिट्टू ने लिया इंतजामों का जायजा Amritsar: बब्बर खालसा इंटरनेशनल नेटवर्क पर शिकंजा,हथियारों और विस्फोटकों की खेप बरामद, सीआई ने तीन तस्करों को दबोचा New Delhi: भारत ने पिनाका लॉन्ग रेंज गाइडेड रॉकेट का किया सफल परीक्षण, 60 किमी दूर लक्ष्य पर साधा सटीक निशाना Dehradun: उत्तराखंड बना देश का छठा पूर्ण साक्षर राज्य, 98.7% साक्षरता दर का बनाया रिकॉर्ड Jalandhar: PM मोदी के कार्यक्रम से पहले जालंधर कैंट स्टेशन की तैयारियों का निरीक्षण, रवनीत बिट्टू ने परखी व्यवस्थाएं रेलवे क्वार्टर से मिली टेक्नीशियन की लाश, बदबू आने पर पता चला इनीशिएटर्स ऑफ चेंज के नेतृत्व में सतलुज फिल्म की बहाली को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन सेंसेक्स 1,677 अंक गिरा, गिरावट के तीन मुख्य कारण निकलकर आए सामने जगतार सिंह को मिला प्रमोशन, जॉइंट सीपी ने इंस्पेक्टर पद पर किया पदोन्नत लुधियाना में राजस्व पटवार यूनियन की बैठक, जालंधर में प्रदर्शन में शामिल होने का ऐलान
Logo
Uturn Time
चंडीगढ़ 14 Jan : कनाडा की रॉयल माउंटेड पुलिस की एक गोपनीय सुरक्षा आकलन रिपोर्ट ने भारत से जुड़े एक संगठित अपराध नेटवर्क को लेकर नई चिंताएं खड़ी कर दी हैं। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि कुख्यात गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का नेटवर्क अब बहुराष्ट्रीय आपराधिक ढांचे का रूप ले चुका है, जो कनाडा सहित कई देशों में सक्रिय रूप से आपराधिक गतिविधियों को अंजाम दे रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक यह नेटवर्क जबरन वसूली, ड्रग तस्करी, अवैध हथियारों की सप्लाई, मनी लॉन्ड्रिंग और कॉन्ट्रैक्ट किलिंग जैसे गंभीर अपराधों से जुड़ा हुआ है। कनाडाई एजेंसियों ने इस गिरोह को एक लाभ-केन्द्रित आपराधिक संगठन करार दिया है, जिसका किसी विचारधारा या धार्मिक एजेंडे से सीधा संबंध नहीं बताया गया है। कनाडाई जांच एजेंसियों का कहना है कि इस नेटवर्क का संचालन भारत की जेल में बंद लॉरेंस बिश्नोई द्वारा किया जा रहा है। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि वह अपने सहयोगियों और डिजिटल माध्यमों के जरिए विदेशों में भी आपराधिक गतिविधियों को निर्देशित करता रहा है, जिससे अंतरराष्ट्रीय कानून प्रवर्तन एजेंसियों के सामने नई चुनौतियां पैदा हुई हैं। रिपोर्ट में जून 2023 में ब्रिटिश कोलंबिया के सरे शहर में हुई हरदीप सिंह निज्जर की हत्या का भी उल्लेख किया गया है। इस घटना के बाद कनाडा और भारत के संबंधों में तनाव देखने को मिला था। जांच के सिलसिले में चार लोगों की गिरफ्तारी हुई थी और पूछताछ अब भी जारी बताई जा रही है। इसके अलावा सितंबर 2023 में मैनिटोबा के विन्निपेग में सुखदूल सिंह की हत्या को भी इसी आपराधिक नेटवर्क से जोड़कर देखा जा रहा है। रिपोर्ट के अनुसार ये घटनाएं इस बात की ओर इशारा करती हैं कि संगठित अपराध अब सीमाओं की परवाह किए बिना काम कर रहा है। रिपोर्ट में यह आशंका भी जताई गई है कि कुछ अंतरराष्ट्रीय खुफिया तंत्र संगठित अपराध गिरोहों का इस्तेमाल रणनीतिक दबाव और लक्षित हमलों के लिए कर सकते हैं। यदि ऐसे आरोप सही पाए जाते हैं, तो यह अंतरराष्ट्रीय कानून और संप्रभुता के सिद्धांतों के लिए गंभीर चुनौती बन सकता है। कूटनीतिक संतुलन की चुनौती इस खुलासे के बीच कनाडा सरकार भारत के साथ व्यापारिक और कूटनीतिक रिश्तों को सामान्य करने की कोशिशों में जुटी हुई है। हालांकि, सुरक्षा एजेंसियों की चेतावनियों के चलते यह प्रक्रिया और संवेदनशील हो गई है। एक तरफ सुरक्षा जोखिमों पर चिंता जताई जा रही है, तो दूसरी ओर राजनीतिक नेतृत्व रिश्तों में संतुलन बनाए रखने का प्रयास कर रहा है। कनाडा में सक्रिय सिख संगठनों ने भी इस मुद्दे पर सरकार से स्पष्ट और पारदर्शी रुख अपनाने की मांग की है। उनका कहना है कि संगठित अपराध और राजनीति का आपसी मेल आम नागरिकों की सुरक्षा के लिए खतरा बन सकता है। अंतरराष्ट्रीय मामलों के जानकारों का मानना है कि यह मामला अब केवल आपराधिक गतिविधियों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह वैश्विक सुरक्षा, प्रत्यर्पण समझौतों और देशों के बीच खुफिया सहयोग की अहमियत को भी उजागर करता है। विशेषज्ञों के अनुसार, यदि इन आरोपों की निष्पक्ष जांच नहीं हुई, तो इसका असर द्विपक्षीय संबंधों से आगे बढ़कर वैश्विक कानून व्यवस्था पर भी पड़ सकता है।