पंजाब में 20 मई को सभी मेडिकल स्टोर बंद रखने का ऐलान किया गया है। यह हड़ताल ऑनलाइन दवा कारोबार के विरोध में की जा रही है, जिसमें राज्यभर के करीब 27,500 मेडिकल स्टोर संचालक और थोक दवा विक्रेता शामिल होंगे।
लुधियाना में पिंडी गली मेडिकल एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक डाबर ने बताया कि ऑनलाइन दवा बिक्री से स्थानीय मेडिकल कारोबार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि बड़ी कंपनियां 40% तक सस्ती दवाएं ऑनलाइन बेच रही हैं, जिससे छोटे दुकानदारों की बिक्री लगातार घट रही है।
संचालकों ने यह भी कहा कि दवा कंपनियां खुदरा विक्रेताओं को कम मार्जिन देती हैं, जबकि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म को अधिक लाभ दिया जाता है, जिससे असंतुलन पैदा हो रहा है।
प्रदर्शनकारियों के अनुसार, बढ़ते किराए, बिजली बिल और संचालन लागत ने पहले ही कारोबार पर दबाव बढ़ा रखा है, और ऑनलाइन प्रतिस्पर्धा ने स्थिति और गंभीर बना दी है।
हड़ताल से पहले दुकानदारों ने काले बिल्ले लगाकर विरोध दर्ज कराया और 20 मई को रैली निकालकर प्रदर्शन करने की भी घोषणा की है। मेडिकल एसोसिएशन ने सरकार से ऑनलाइन दवा बिक्री पर सख्त नियम लागू करने की मांग की है, साथ ही कुछ ऑनलाइन दवाओं की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाए हैं।