स्वतंत्रता दिवस से पहले आयोजित तिरंगा यात्रा में केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने राष्ट्रीय एकता, गौरव और नागरिक जिम्मेदारी का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि आजादी के 100 वर्ष पूरे होने पर स्वतंत्रता सेनानियों को सच्ची श्रद्धांजलि भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के संकल्प से ही दी जा सकती है। ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के तहत 9 से 15 अगस्त तक देशभर में तिरंगा यात्राएं आयोजित की जा रही हैं।
नई दिल्ली (Naren Danu) : देश को विकसित भारत बनाने के संकल्प के साथ निकाली जा रही तिरंगा यात्रा में केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने युवाओं और देशवासियों से राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि तिरंगा केवल राष्ट्रीय ध्वज नहीं, बल्कि भारत की विविधता को एकता के सूत्र में पिरोने वाला प्रतीक है। इसके सामने प्रत्येक नागरिक को देश के विकास में अपना योगदान देने का संकल्प लेना चाहिए।
शेखावत ने कहा कि आजादी के 100 वर्ष पूरे होने पर देश उन अमर शहीदों को सच्ची श्रद्धांजलि देना चाहता है, जिन्होंने स्वतंत्रता के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। उनके बलिदान का सबसे सार्थक सम्मान यही होगा कि देशवासी भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य के साथ मिलकर आगे बढ़ें।
सिर्फ यात्रा नहीं, राष्ट्र निर्माण का संदेश
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि तिरंगा यात्रा महज हाथों में राष्ट्रीय ध्वज लेकर चलने का कार्यक्रम नहीं है। यह राष्ट्रीय एकता, गौरव और नागरिक जिम्मेदारी का संदेश देने वाला अभियान है। इसके जरिए नई पीढ़ी को स्वतंत्रता संग्राम के मूल्यों और राष्ट्र निर्माण की जिम्मेदारी से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इस वर्ष का आयोजन इसलिए भी खास है, क्योंकि देश ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्ष पूरे होने का अवसर मना रहा है। स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान ‘वंदे मातरम्’ ने देशवासियों में राष्ट्रभक्ति और आजादी के संघर्ष की भावना को मजबूत किया था। ऐसे में तिरंगा यात्रा के साथ इसकी 150वीं वर्षगांठ का स्मरण युवाओं को स्वतंत्रता आंदोलन की विरासत से जोड़ने का महत्वपूर्ण अवसर है।
9 से 15 अगस्त तक देशभर में तिरंगा यात्रा
तिरंगा यात्रा स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर देशभक्ति और राष्ट्रीय एकता की भावना को मजबूत करने के उद्देश्य से आयोजित राष्ट्रव्यापी अभियान है। यह मुख्य रूप से ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के तहत 9 से 15 अगस्त के बीच देशभर में आयोजित की जाती है।
संस्कृति मंत्रालय इस अभियान के लिए नोडल मंत्रालय के रूप में राज्यों, केंद्रशासित प्रदेशों, शिक्षण संस्थानों और सामाजिक संगठनों के साथ समन्वय कर व्यापक जनभागीदारी सुनिश्चित कर रहा है। यात्रा के जरिए देशभर में तिरंगे के सम्मान के साथ विकसित भारत के संकल्प को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।