Uturn Time
Breaking
Chandigarh: पंजाब में डीजीपी चयन प्रक्रिया तेज, 30 जून को UPSC बैठक में बनेगा तीन नामों का पैनल Chandigarh: PSPCL में 24 अप्रेंटिस को मिलेगी स्थायी नौकरी, वित्त मंत्री मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने दी खुशखबरी Chandigarh: पीएम किसान की 23वीं किस्त से हरियाणा के किसानों को बड़ी राहत, 319.13 करोड़ ट्रांसफर Chandigarh: हरियाणा में अर्जुन एसपीबी का गठन होगा, हर तीसरे माह होगी समीक्षा बैठक New Delhi: अमित शाह का दोटूक बयान, घुसपैठियों के लिए देश में जगह नहीं, भारत कोई धर्मशाला नहीं Dehradun: मुख्यमंत्री धामी का बड़ा फैसला, विकास कार्यों के लिए 10.08 करोड़ मंजूर Panipat: भारतीय कम्यूनिस्ट पार्टी की 21 जून को अहम बैठक, रणनीति पर होगी चर्चा Kurukshetra: विश्व संगीत दिवस पर सांगीतिक कार्यक्रम आज ब्रह्मसरोवर पुरुषोत्तमपुरा बाग में, पूर्व राज्यमंत्री सुभाष सुधा होंगे मुख्य अतिथि Kalayat: कलायत की सेंसी बस्ती में क्राइम यूनिट और कमांडो दस्ते का सघन चेकिंग अभियान Shimla: एचआरटीसी कर्मियों और पेंशनरों को राहत, सरकार ने मेडिकल बिलों के भुगतान के लिए 20 करोड़ दिए Gurugram: गुरुग्राम में डॉ. अर्चना गुप्ता के नेतृत्व में महिलाओं के उत्थान को बढ़ावा मिलेगा: राव नरबीर सिंह Panipat: प्रशासन का सख्त रुख, ड्यूटी में कोताही पर बीएलओ पर होगा केस
Logo
Uturn Time
AI सैंडबॉक्स और अर्जुन SPB के गठन से हरियाणा में नई टेक पहल
चंडीगढ़ (Narendra Singh Danu) : हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने राज्य में क्लीन एयर और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित विकास परियोजनाओं को तेजी से लागू करने पर जोर दिया है। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं के जरिए प्रदेश के लोगों को बेहतर सुविधाएं और आधुनिक सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। शनिवार को उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने “हरियाणा क्लीन एयर प्रोजेक्ट फॉर सस्टेनेबल डेवलपमेंट” और “हरियाणा एआई डेवलपमेंट प्रोजेक्ट” की प्रगति का विस्तृत आकलन किया। बैठक में कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने बताया कि क्लीन एयर प्रोजेक्ट पर करीब 3647 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे, जिसमें 9 विभाग मिलकर काम करेंगे। इस परियोजना का उद्देश्य प्रदूषण नियंत्रण, स्वच्छ परिवहन और शहरी पर्यावरण को बेहतर बनाना है। परियोजना के तहत गुरुग्राम, फरीदाबाद, सोनीपत और झज्जर में 90 करोड़ रुपये की लागत से 500 इलेक्ट्रिक बसें चलाई जाएंगी, जबकि इनके संचालन के लिए 200 चार्जिंग स्टेशन भी स्थापित किए जाएंगे। साथ ही इलेक्ट्रिक थ्री-व्हीलर को बढ़ावा देने और पुराने वाहनों को बदलने के लिए प्रोत्साहन दिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि पराली जलाने की घटनाओं में कमी लाने, डस्ट और वेस्ट मैनेजमेंट को मजबूत करने तथा उद्योगों में क्लीन टेक्नोलॉजी को बढ़ावा देने पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग के लिए मोबाइल वैन भी तैयार की जाएंगी, जो प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में जाकर जांच कर सकेंगी। AI सेक्टर को लेकर भी सरकार ने बड़े कदम उठाए हैं। पंचकूला में स्टेट AI डेटा सेंटर और गुरुग्राम में ग्लोबल AI सेंटर (GAIC) स्थापित किया जाएगा, जिस पर 474 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसके अलावा 40 करोड़ रुपये की लागत से स्किल डेवलपमेंट और इंडस्ट्री सहयोग के लिए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनाए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में जल्द ही “AI सैंडबॉक्स”, “हरियाणा डेटा एक्सचेंज” और “स्टेट डेटा लेक प्लेटफॉर्म” लॉन्च किए जाएंगे, जिससे पारदर्शी और बेहतर डेटा सिस्टम विकसित होगा। साथ ही “AI गुरुकुल” की शुरुआत कर बच्चों और युवाओं को आधुनिक तकनीक की शिक्षा दी जाएगी, जिससे उनके रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य हरियाणा को तकनीक और पर्यावरण के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाना है, ताकि विकास और स्वच्छता दोनों को साथ लेकर आगे बढ़ा जा सके।