गृह मंत्री का बड़ा बयान, घुसपैठियों पर होगी कड़ी कार्रवाई
नई दिल्ली/कोल्हापुर (Narendra Singh Danu) : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने घुसपैठ के मुद्दे पर कड़ा संदेश देते हुए कहा कि भारत कोई “धर्मशाला” नहीं है और अवैध घुसपैठियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने साफ किया कि देश की सुरक्षा के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।
महाराष्ट्र के कोल्हापुर में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अमित शाह ने विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक दल घुसपैठियों को “वोट बैंक” के रूप में इस्तेमाल कर रहे हैं, लेकिन केंद्र सरकार इस मुद्दे पर कठोर नीति अपना रही है।
गृह मंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता देश की सीमाओं की सुरक्षा और आंतरिक स्थिरता को मजबूत करना है। उन्होंने जोर देकर कहा कि केवल भारत में जन्मे नागरिक ही वास्तविक नागरिक हैं और सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त किया जा रहा है।
राजनीतिक मोर्चे पर भी शाह ने विपक्ष को घेरा। उन्होंने उद्धव ठाकरे की राजनीति पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि चुनावी लाभ के लिए गलत नीतियों का समर्थन किया जा रहा है।
इसके साथ ही उन्होंने महाराष्ट्र की सियासत पर टिप्पणी करते हुए कहा कि अब “असली शिवसेना” एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में आगे बढ़ रही है। उन्होंने इसे राज्य की बदली हुई राजनीतिक स्थिति का संकेत बताया।
गृह मंत्री ने पश्चिम बंगाल चुनावों का जिक्र करते हुए कहा कि जनता का समर्थन भाजपा के लिए जिम्मेदारी को और बढ़ाता है। उन्होंने कहा कि पार्टी जनहित और राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दों पर मजबूती से काम करती रहेगी।
फिलहाल महाराष्ट्र में शिवसेना (यूबीटी) और शिंदे गुट के बीच राजनीतिक टकराव जारी है, जिससे राज्य की राजनीति में लगातार गर्माहट बनी हुई है।