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बीजेपी में शामिल हुए ज्ञान सिंह मान, सियासत गरमाई
चंडीगढ़: पंजाब की राजनीति में सोमवार को बड़ा सियासी घटनाक्रम देखने को मिला। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के चचेरे भाई ज्ञान सिंह मान भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए। चंडीगढ़ स्थित भाजपा कार्यालय में हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और पंजाब भाजपा अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने उन्हें पार्टी की सदस्यता दिलाई। ज्ञान सिंह मान आम आदमी पार्टी के पुराने और सक्रिय कार्यकर्ताओं में गिने जाते रहे हैं। वह लोकसभा और विधानसभा चुनावों में आम आदमी पार्टी के कैंपेन इंचार्ज की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। उनकी भाजपा में एंट्री को पंजाब, खासकर मालवा बेल्ट में भाजपा के लिए बड़ा राजनीतिक संदेश माना जा रहा है। संगरूर जिले के गांव सतौज निवासी ज्ञान सिंह मान ने अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत वर्ष 2012 के विधानसभा चुनाव से की थी। वर्ष 2013 में आम आदमी पार्टी के गठन के समय से ही वह संगठन को मजबूत करने में सक्रिय रहे। इसके बाद 2014 से 2022 तक उन्होंने संगरूर सांसद कार्यालय के प्रभारी के रूप में काम किया। वर्ष 2022 के पंजाब विधानसभा चुनाव में उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान के विधानसभा क्षेत्र धुरी में कार्यालय प्रभारी के तौर पर अहम भूमिका निभाई थी। पार्टी संगठन और चुनावी रणनीति में उनकी सक्रिय भागीदारी को देखते हुए उन्हें AAP का मजबूत जमीनी चेहरा माना जाता था। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि निकाय चुनावों से पहले ज्ञान सिंह मान का भाजपा में शामिल होना आम आदमी पार्टी के लिए झटका साबित हो सकता है। भाजपा इसे पंजाब में अपने संगठन विस्तार और मालवा क्षेत्र में पकड़ मजबूत करने के तौर पर देख रही है।