चंडीगढ़ 28 Jan । मामूली विवाद ने दिल दहला देने वाला रूप ले लिया। कूड़ा उठाने की रेहड़ी चोरी के शक में दो युवकों की बेरहमी से हत्या करने वाले आरोपी को जिला अदालत ने दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
यह सनसनीखेज वारदात 19 मई 2022 की है। सेक्टर-38डी स्थित ई-संपर्क सेंटर के पास बने पार्क में रात के समय मनोज उर्फ पांडा और किशोरी सो रहे थे। इसी दौरान मलोया कॉलोनी निवासी 48 वर्षीय राजू ने दोनों पर पत्थरों से ताबड़तोड़ हमला कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया और फरार हो गया।
घटना की सूचना मिलते ही सेक्टर-39 थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों घायलों को पीजीआई ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मनोज को मृत घोषित कर दिया। वहीं किशोरी ने भी इलाज के दौरान कुछ दिन बाद दम तोड़ दिया।
मामले की जांच में पुलिस ने इलाके में लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली और स्थानीय लोगों से पूछताछ की। जांच में सामने आया कि आरोपी और मृतक तीनों कूड़ा उठाने का काम करते थे और घटना से पहले उनका आपस में झगड़ा हुआ था।
पुलिस पूछताछ में आरोपी राजू ने स्वीकार किया कि उसे शक था कि मनोज और किशोरी ने उसकी कूड़ा उठाने वाली रेहड़ी चोरी कर ली है। इसी शक के चलते पहले देर रात बहस हुई और बाद में आरोपी ने सुबह करीब चार बजे मौका देखकर पार्क में सो रहे दोनों युवकों पर हमला कर दिया।
अदालत में सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष द्वारा पेश किए गए गवाहों, मेडिकल रिपोर्ट और पुलिस साक्ष्यों को निर्णायक मानते हुए न्यायालय ने आरोपी को दोषी ठहराया और उम्रकैद की सजा सुनाई।
इस फैसले को अदालत ने समाज के लिए एक कड़ा संदेश बताया कि छोटे विवाद भी जब हिंसा में बदलते हैं, तो उसका अंजाम बेहद गंभीर होता है।