देश भर में आंदोलनरत मजदूर 7 सुत्रीय मांगो पर अडिग
पानीपत (निर्मल सिंह ): केंद्रीय ट्रेड यूनियन के आह्वान पर संघर्षरत मजदूर और कर्मचारियों के समर्थन में भाजपा नेतृत्व वाली केंद्र व राज्य सरकार की मजदूर कर्मचारी और जन विरोधी नीतियों के खिलाफ पानीपत शहर में जुलूस निकालकर मांग दिवस के रूप में मनाया गया
सीटू से संबंधित ग्रामीण सफाई कर्मचारी यूनियन में नगर पालिका कर्मचारी संघ के आह्वान पर जारी राज्य पर आपकी हड़ताल का किया समर्थन। सरकार को दी चेतावनी तुरंत कर्मचारियों की मांगों पर विचार करते हुए समाधान किया जाए वरना केंद्रीय ट्रेड यूनियन, सीटू मजदूर संगठन राज्य भर में आंदोलन के समर्थन में सड़कों पर उतरेगा।
*मांग दिवस पर निकल गए जुलूस का नेतृत्व सीटू राज्य कामरेड सचिव सुनील दत्त, कामरेड दरियाव सिंह कश्यप एटक राज्य उप प्रधान, सीटू जिला सह संयोजक जय भगवान, ग्रामीण सफाई कर्मचारी यूनियन जिला प्रधान सुल्तान सिंह, कोषाध्यक्ष कुंवर सिंह, अखिल भारतीय किसान सभा जिला प्रधान डॉक्टर सुरेंद्र मलिक, सचिव राजपाल, अखिल भारतीय ग्रामीण एवं खेत मजदूर यूनियन के राज्य महासचिव राजेंद्र छोकर, हरियाणा खेत मजदूर यूनियन के जिला प्रधान भूपेंद्र सिंह कश्यप आदि ने किया।
*हड़ताल पर बैठे नगर पालिका कर्मचारी को समर्थन देते हुए सीटू राज्य सचिव सुनील दत्त ने सरकार पर लगाएगी गंभीर आरोप। भाजपा सरकार पूरी तरह से तानाशाही पर उतर आई है जनता की आवाज सुनने की बजाय मजदूर किसान कर्मचारियों के आंदोलन का दमन कर रही है। देश के तमाम सरकारी विभागों को देश के बड़े पूंजीपतियों अडानी अंबानी और विदेशी बहू राष्ट्रीय कंपनियों के हाथों नीलाम कर रही है। सरकार की गलत नीतियों के चलते देश आर्थिक संकट के दौर से गुजर रहा है। देश के प्रधानमंत्री कह रहे हैं कि सोना खरीदना बंद कर दो, पेट्रोल डीजल खर्च करना कम कर दो, यात्राएं कम कर दो, खाना पकाने के लिए सरसों के तेल का प्रयोग कम करो इसका मतलब है कि आप देश की जनता भूखे मरने के लिए तैयार हो जाए। क्योंकि जो देश के प्रधानमंत्री कह रहे हैं अगर यह सब हो जाएगा तो करोड़ों लोगों का रोजगार चला जाएगा खेती बर्बाद हो जाएगी उद्योग बर्बाद हो जायेंगे। महंगाई आसमान पर है चुनाव खत्म होते ही पेट्रोल डीजल तेल और गैस की कीमत आसमान छूने लगी है। सरकार की इन नीतियों के खिलाफ जब किसान और मजदूर कर्मचारी सड़कों पर उतरते हैं तो सरकार पुलिस दमन से आंदोलन को कुचलना चाहती है। पिछले दिनों बढ़ती महंगाई के चलते राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के अंदर 50 लाख से ज्यादा मजदूर सड़कों पर उतरे जिसको पुलिस दमन के द्वारा दबा दिया गया । मजदूरों के खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज किए गए । पुरुष - महिला मजदूर और मजदूर नेताओं को गिरफ्तार किया गया । अभी भी सैकड़ो मजदूर जेल के अंदर बंद हैं , जिन पर गंभीर धाराओं के तहत आपराधिक मुकदमे दर्ज किए गए हैं। आज उन्हीं के समर्थन में पूरे देश के अंदर मांग दिवस मनाया जा रहा है।
*मांग दिवस की मुख्य मांगे-
1. मजदूर- कर्मचारी आंदोलन के ऊपर पुलिस दमन पर रोक लगाओ आंदोलन के अंदर बनाए गए झूठे मुकदमों को वापस लो और गिरफ्तार किए गए मजदूरों को रिहा किया जाए।
2. अपने अधिकारों के लिए यूनियन बनाने में हड़ताल करने की अधिकार को छिनने वाले काले कानून चार लेबर कोड रद्द किए जाएं।
3. न्यूनतम वेतन मासिक 26000 रुपए किया जाए, ठेकेदारी प्रथा खत्म की जाए, स्थाई रोजगार का प्रबंध किया जाए, श्रम कानून को शक्ति से लागू किया जाए, 8 घंटे की ड्यूटी व औवर टाइम डबल दिया जाए।
4. अग्निकांड में शहीद हुए अग्निशमन सेवा कर्मचारी के परिवारों को एक करोड रुपए और सरकारी नौकरी दी जाए, सभी कच्चे कर्मचारियों को पक्का किया जाए।
5. सस्ती दरों पर एलपीजी गैस उपलब्ध करवाई जाए, सभी आवश्यक खाद्य वस्तुओं की कीमतों को कम किया जाए।
6. सुप्रीम कोर्ट के निर्णय अनुसार सरकारी विभागों में काम करने वाले सभी कच्चे कर्मचारियों को समान वेतन दिया जाए और पक्के कर्मचारी का दर्जा दिया जाए।
7. भारत सरकार के द्वारा सरकारी विभागों में काम करने के लिए चलाई जा रही स्कीम के तहत लाखों की संख्या में महिलाओं को जिसमें आशा आंगनवाड़ी मिड डे मील को सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया जाए।
*सीटू राज्य कमेटी से संबंधित यूनियनों ने सरकार के खिलाफ आगामी आंदोलन की घोषणा की। 5 जून 2026 को मिड डे मील वर्कर्स यूनियन हरियाणा के आह्वान पर अपनी मांगों को लेकर शिक्षा मंत्री श्री महिपाल ढांडा के आवास पर राज्यव्यापी प्रदर्शन करेंगी।
*6-7 जून 2026 को ग्रामीण सफाई कर्मचारी यूनियन हरियाणा के आहवान पर पंचायत मंत्री श्री कृष्ण लाल पवार के आवास मतलोडा के अंदर राज्य स्तरीय 2 दिन पड़ाव अपनी मांगों के बल लेकर डालेंगे।