ज़ीरकपुर पुलिस ने पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के एक वकील की शिकायत पर उसके मकान पर जबरन कब्जा करने की कोशिश और जान से मारने की धमकी देने के आरोप में पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 329(3), 62 और 351 के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
आरोपियों की पहचान अमृत हूरिया, उसकी पत्नी साक्षी और जीत लोहगढ़िया के रूप में हुई है, जबकि एक पुरुष और एक महिला की पहचान अभी नहीं हो पाई है।
शिकायतकर्ता राजविंदर सिंह जौली निवासी ब्लॉक-जी, एरोसिटी ने पुलिस को बताया कि वह पेशे से वकील है और पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में प्रैक्टिस करता है। उसने वर्ष 2022 में 200 वर्ग गज का प्लॉट खरीदा था। आर्थिक तंगी के चलते अमृत हूरिया ने उसे कर्ज देने की पेशकश की और रजिस्ट्री में प्लॉट का 67 प्रतिशत हिस्सा अपने नाम गारंटी के तौर पर करवा लिया, जबकि 33 प्रतिशत हिस्सा जौली के नाम रहा।
शिकायतकर्ता के अनुसार, उसने अपने खर्चे पर पूरी कोठी का निर्माण कराया और लंबे समय से अपने परिवार के साथ वहां रह रहा है।
जौली ने आरोप लगाया कि 19 मार्च 2026 को जब वह अपने परिवार के साथ घर पहुंचा तो मुख्य गेट का ताला टूटा हुआ था और कुछ लोग घर के अंदर मौजूद थे। आरोप है कि अमृत हूरिया और उसके साथियों ने उस पर हमला किया, धमकियां दीं और मकान पर कब्जा करने की कोशिश की।
उसने बताया कि घटना की सूचना तुरंत डायल 112 पर दी गई। मौके पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज में आरोपी 18 मार्च को ताला तोड़कर घर में दाखिल होते दिखाई दे रहे हैं।
शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया कि 28 मार्च को आरोपी दोबारा घर में घुसे। इस दौरान उनके पास पिस्तौल और तेजधार हथियार थे। उन्होंने उसे झूठे केस में फंसाने और परिवार को जान से मारने की धमकी दी।
पीड़ित ने पुलिस को सीसीटीवी फुटेज, फोटो और अन्य दस्तावेज भी सौंपे हैं।
मामले के जांच अधिकारी एएसआई हरविंदर सिंह ने बताया कि शिकायत और प्रारंभिक जांच के आधार पर केस दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की भूमिका, संपत्ति विवाद और लगाए गए आरोपों की गहन जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि सबूतों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।