चंडीगढ़ 03 Jan। सुप्रीम कोर्ट द्वारा अवैध और अनधिकृत वेंडरों को हटाने के लिए दिए गए समय के समाप्त होने के बाद नगर निगम ने अब पुलिस विभाग को कार्रवाई के लिए आदेश दे दिए हैं। पहले निगम को 48 घंटे का समय मिला था, जिसे बाद में एक सप्ताह तक बढ़ाया गया था। बावजूद इसके, शहर के मार्केट, पार्किंग, फुटपाथ और कारीडोर में अवैध वेंडर अब भी कब्जा जमाए हुए हैं।
नगर निगम कमिश्नर अमित कुमार ने एंफोर्समेंट विंग को निर्देश दिए हैं कि वे अवैध वेंडरों की सूची तैयार कर पुलिस को सौंपें। निगम ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि वेंडर 24 घंटे के भीतर अपने स्टॉल नहीं हटाते, तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। एंफोर्समेंट विंग यह तय करेगी कि कौन वेंडर वैध है और कौन अवैध।
इस अभियान के दौरान अब तक एक हजार से अधिक चालान जारी किए जा चुके हैं, लेकिन वेंडर अपने काम को जारी रखने के लिए सामान बदलकर या दूसरे स्टॉल पर शिफ्ट होकर काम कर रहे हैं।
नगर निगम के अनुसार, सुप्रीम कोर्ट की छुट्टियां 5 जनवरी तक हैं, जिससे निगम को फिलहाल थोड़ी राहत मिली है। छुट्टियों के बाद निगम को कोर्ट में अपनी कार्रवाई की रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी, और तब कोर्ट यह तय करेगा कि आगे क्या कदम उठाए जाएँ।