दलजीत अजनोहा
रायकोट/लुधियाना : दस्मेश पिता श्री गुरु गोबिंद सिंह जी की चरण-छोह प्राप्त गांव बसीया के गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी द्वारा गुरु साहिब जी की कृपा से और नानक नाम लेने वाली संगतों के विशेष सहयोग से "92वां वार्षिक धार्मिक दीवान" समागम करवाया गया। इस धार्मिक समागम के अवसर पर समाज सेवी संस्था भाई नूरा माही सेवा सोसाइटी (रजि.), रायकोट द्वारा धार्मिक साहित्य का निःशुल्क लंगर और दस्तार शिक्षा शिविर लगाया गया। इस अवसर पर सोसाइटी द्वारा अन्यों के अतिरिक्त अध्यक्ष डॉ. उलविंदर सिंह रायकोट, चेयरमैन मास्टर प्रीतम सिंह ब्रहमी, परमजीत कौर ब्रहमी, लेक्चरार बलविंदर सिंह बसीया, नरिंदर कौर बसीया, जसदीप कौर, हरदीप कौर, प्रेस सचिव निर्मल दोस्त उपस्थित थे।इस अवसर पर गांव बसीया और क्षेत्र की नानक नाम लेने वाली संगतों ने धार्मिक साहित्य प्राप्त करने के लिए दिलचस्पी दिखाई। संगतों का विचार था कि युवा पीढ़ी को अपने संस्कारों/विरसे से जोड़कर रखने के लिए धार्मिक साहित्य के लंगर और दस्तार शिक्षा कैंप समय-समय पर लगाने बहुत जरूरी हैं, क्योंकि तत्कालीन समय में पश्चिमी देशों के सभ्याचार का हमारी युवा पीढ़ी पर घातक प्रभाव पड़ रहा है।इस अवसर पर नानकसर संप्रदाय के महापुरुष बाबा घाला सिंह और भाई प्रितपाल सिंह बरगाड़ी भी धार्मिक साहित्य के निःशुल्क लंगर और दस्तार शिक्षा कैंप में अपनी हाजिरी लगाई और भाई नूरा माही सेवा सोसाइटी द्वारा किए इस प्रयास की भरपूर प्रशंसा की। इस अवसर पर अन्यों के अतिरिक्त अध्यक्ष सुखवीर सिंह ऊप्पल, केवल सिंह ऊप्पल यू.के., मनमोहन सिंह धालीवाल, चमकौर सिंह ढेसी, जरनैल सिंह ऊप्पल, जरनैल सिंह ज्वंधा, निशान सिंह ऊप्पल (सेवा मुक्त पुलिस अधिकारी), कैशियर कुलदीप सिंह दीपा, गुरविंदर सिंह चीमा, जगदेव सिंह पंच, प्रीतम सिंह धालीवाल, जगदेव सिंह ऊप्पल, रणधीर सिंह धीरा, कुलवंत सिंह चीमा पंच, साबका सदस्य पंचायत गुरमीत सिंह कैला , कुलदीप सिंह रंधावा, पाल चीमा, लेक्चरार बलविंदर सिंह बसीआं, विश्वजीत सिंह बसीया, नंबरदार सतपाल सिंह क्लेर (बसीया), जस्मेल कौर जस्सू टेलर मास्टर, हरप्रीत सिंह बिजली बोर्ड भी शामिल थे।