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नई दिल्ली /यूटर्न/ 12मार्च। आम आदमी पार्टी, पंजाब के राज्य महासचिव और पंजाब मंडी बोर्ड के चेयरमैन स. हरचंद सिंह बरसट ने केंद्र की मोदी सरकार की विदेश नीति पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एकतरफा विदेश नीति के कारण आज देश को गंभीर संकट का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि देश में एलपीजी को लेकर जो हाहाकार मचा हुआ है, वह केंद्र सरकार की गलत नीतियों का परिणाम है। स. बरसट ने कहा कि भारत पिछले 75 सालों से गुट निरलेप विदेश नीति अपनाता रहा। भारत कभी भी किसी एक पक्ष के साथ नहीं खड़ा हुआ, बल्कि अंतरराष्ट्रीय मामलों में मध्यस्थ भूमिका निभाकर फैसले करवाता रहा है, लेकिन वर्तमान समय में ईरान-इज़राइल युद्ध के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से खुले तौर पर इज़राइल व अमेरिका का साथ देने के कारण ईरान के साथ भारत के संबंध प्रभावित हुए हैं, जिसका परिणाम अब देश को भुगतना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि भारत में आने वाली एलपीजी और तेल का करीब 90 प्रतिशत हिस्सा हॉर्मुज जल डमरू मार्ग के माध्यम से आता है, जिस पर ईरान का नियंत्रण है और अब ईरान केवल उन देशों के जहाजों को ही वहां से गुजरने दे रहा है, जो गुट निरलेप हैं या उसके साथ खड़े हैं। ईरान के नाराज़ होने के कारण यह सप्लाई चेन टूट गई है, जिसके कारण पूरे भारत में हाहाकार मचा हुआ है। इस संकट का सीधा असर होटल/रेस्टोरेंट उद्योग पर पड़ रहा है। मुंबई के लगभग 20 प्रतिशत होटल/रेस्टोरेंट बंद हो चुके हैं, जबकि आने वाले दिनों में 30 से 40 प्रतिशत ओर होटल/रेस्टोरेंट बंद होने की संभावना है। इसके कारण लगभग एक करोड़ लोगों के बेरोजगार होने की संभावना है, जो भारत की अर्थव्यवस्था के लिए गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को देश के सामने अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए कि वे अमेरिका के दबाव के नीचे क्यों हैं और क्या वे अपने मित्र अडानी, जिस पर अमेरिका में केस दर्ज है, को बचाने की कोशिश कर रहे हैं, जिसके कारण वे भारत को बर्बाद करने वाली नीतियां बना रहे हैं। स. बरसट ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने पद से इस्तीफा दें, ताकि कोई दूरदर्शी और सूझवान प्रधानमंत्री भारत की विदेश नीति को संतुलित ढंग से बनाकर देश की अर्थव्यवस्था को तरक्की के रास्ते पर ले जा सके।